● LIVE
BSE SENSEX 76,980.59
NIFTY 50 24,060.00
GOLD (10g) ₹1,60,815
SILVER (1kg) ₹86,400
USD/INR ₹83.94
संस्करण: भारत (राष्ट्रीय)
बुधवार, 09 सितंबर 2026
🔴 ताज़ा सुर्खियाँ
इंडिया एआई मिशन (IndiaAI): ₹10,372 करोड़ से स्वदेशी एआई कंप्यूट प्रगति सरकारी नौकरी 2026: रेलवे RRB NTPC 11,558 और UP Police 60,244 भर्ती अपडेट शेयर बाज़ार: सेंसेक्स 81,900 के पार, निफ्टी 25,052 अंक पर मजबूत मौसम विभाग: मानसूनी बारिश और नदी जलस्तर पर 24 घंटे निगरानी अलर्ट
विश्व

'भारत के खिलाफ अपनी धरती का इस्तेमाल नहीं होने देंगे': दिसानायके की दो टूक, श्रीलंका ने चीन को दिखाया आईना?

'भारत के खिलाफ अपनी धरती का इस्तेमाल नहीं होने देंगे': दिसानायके की दो टूक, श्रीलंका ने चीन को दिखाया आईना?
'भारत के खिलाफ अपनी धरती का इस्तेमाल नहीं होने देंगे': दिसानायके की दो टूक, श्रीलंका ने चीन को दिखाया आईना? हिंदीबात विशेष
तस्वीर: सऊदी क्राउन प्रिंस एमबीएस, तुर्किये राष्ट्रपति एर्दोगन और पाक पीएम शहबाज शरीफ (आधिकारिक संदर्भ)

विशेष संवाददाता, नई दिल्ली: होम दुनिया देश शहर और राज्य चुनाव LIVE कारोबार More •••

🔍 विस्तृत घटनाक्रम एवं मुख्य बिंदु

राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत और श्रीलंका की भौगोलिक निकटता दोनों देशों के बीच परस्पर निर्भरता को बढ़ाती है। यही निर्भरता साझा विकास के लिए नए अवसर पैदा कर सकती है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बंदरगाह साझा आर्थिक विकास के इंजन बन सकते हैं। वहीं समुद्री उद्योग दोनों देशों के नागरिकों के साथ पूरे हिंद महासागर क्षेत्र की भविष्य की समृद्धि में अहम भूमिका निभा सकते हैं। रक्षा मंत्री ने कहा कि भारत अपने अनुभव श्रीलंका के साथ साझा करने और क्षेत्र के निरंतर विकास के लिए मिलकर काम करने को तैयार है।

राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत के लिए श्रीलंका के साथ संबंध केवल भौगोलिक निकटता तक सीमित नहीं हैं। दोनों देशों के बीच सहयोग, विश्वास और साझा प्रतिबद्धता व्यापक समुद्री सुरक्षा और आपसी समृद्धि की नींव बन सकते हैं। उन्होंने कहा कि हिंद महासागर अब ऐसे दौर में प्रवेश कर रहा है, जहां रणनीतिक और आर्थिक बदलाव तेजी से हो रहे हैं। ऐसे समय में भारत और श्रीलंका को अपने प्रयासों में बेहतर तालमेल स्थापित करना होगा और सामने आने वाली चुनौतियों से निपटने के लिए सामूहिक क्षमताओं का इस्तेमाल करना होगा।

💬 आधिकारिक बयान एवं रिपोर्ट

रक्षा मंत्री ने प्राकृतिक और मानव निर्मित आपदाओं के दौरान तेजी से राहत पहुंचाने के लिए दोनों देशों के बीच संयुक्त समुद्री मानवीय सहायता एवं आपदा राहत व्यवस्था स्थापित करने का सुझाव दिया। उन्होंने कहा कि ऐसी व्यवस्था में संबंधित एजेंसियों के साथ आपदा प्रबंधन संस्थानों और वैज्ञानिक संगठनों को भी शामिल किया जा सकता है। इससे संकट की स्थिति में दोनों देशों की प्रतिक्रिया क्षमता और बेहतर हो सकती है।

कोलंबो में कार्यक्रम से पहले राजनाथ सिंह ने भारतीय शांति सेना स्मारक का दौरा किया और देश के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले भारतीय सैनिकों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि वीर सैनिकों का बलिदान देश कभी नहीं भूलेगा। उनका सर्वोच्च बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बना रहेगा।

राजनाथ सिंह ने कहा कि हिंद महासागर को केवल एक जलमार्ग के तौर पर नहीं देखा जा सकता। यह ऐसा महत्वपूर्ण क्षेत्र है, जहां आने वाले समय में क्षेत्र का आर्थिक और रणनीतिक भविष्य तय होगा। उन्होंने कहा कि भारत और श्रीलंका जैसे समुद्री देशों के लिए हिंद महासागर का महत्व रोजमर्रा की वास्तविकता से जुड़ा हुआ है। यहां होने वाले घटनाक्रम दोनों देशों के व्यापार, सुरक्षा और भविष्य पर सीधा असर डालते हैं। रक्षा मंत्री ने कहा कि व्यापक समुद्री सुरक्षा और साझा आर्थिक समृद्धि के लक्ष्य को हासिल करने के लिए भारत और श्रीलंका को सहयोग और विश्वास के साथ आगे बढ़ना होगा।

🔍 संपादकीय पड़ताल एवं स्रोत विवरण (Editorial Provenance & Verification)
✍️ रिपोर्टिंग: अमर उजाला ब्यूरो
🏛️ प्राथमिक स्रोत: अमर उजाला (Amar Ujala Breaking News)
🔬 सत्यापन डेस्क: हिंदीबात रिसर्च डेस्क (HindiBaat Research)
🛡️ पड़ताल स्थिति: ✅ तथ्य-परीक्षित एवं सत्यापित
मूल संदर्भ लिंक: मूल स्रोत देखें ↗
अ…

हिंदीबात संपादकीय डेस्क

विशेष संवाददाता

डिजिटल मीडिया आचार संहिता 2021 के अनुरूप निष्पक्ष, तथ्य-आधारित और स्वतंत्र रिपोर्टिंग। प्रत्येक खबर में 5W1H विश्लेषण और पाठक-केंद्रित स्पष्टता हमारा संकल्प है।

👉 आगे क्या पढ़ें | अगली बड़ी स्टोरी 2 घंटे पहले

जुलाई के बाद पहली बार कच्चे तेल की प्रति बैरल क़ीमत 100 डॉलर पार

अमेरिका और ईरान के बीच जारी संघर्ष में ताज़ा हमलों और सऊदी अरब में हूती हमलों के बाद बुधवार को कच्चे तेल के दाम 100 डॉलर…

यह विश्लेषण जारी रखें ➔