● LIVE
BSE SENSEX 76,980.59
NIFTY 50 24,060.00
GOLD (10g) ₹1,60,815
SILVER (1kg) ₹86,400
USD/INR ₹83.94
संस्करण: भारत (राष्ट्रीय)
बुधवार, 09 सितंबर 2026
🔴 ताज़ा सुर्खियाँ
इंडिया एआई मिशन (IndiaAI): ₹10,372 करोड़ से स्वदेशी एआई कंप्यूट प्रगति सरकारी नौकरी 2026: रेलवे RRB NTPC 11,558 और UP Police 60,244 भर्ती अपडेट शेयर बाज़ार: सेंसेक्स 81,900 के पार, निफ्टी 25,052 अंक पर मजबूत मौसम विभाग: मानसूनी बारिश और नदी जलस्तर पर 24 घंटे निगरानी अलर्ट
राजनीति

यूपी: मायावती बोलीं- अशोक सिद्धार्थ को राजनीति से संन्यास ले लेना चाहिए, तभी आकाश की वापसी पर विचार हो सकता है

बसपा ने उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पंजाब चुनावों से पहले संगठन को मजबूत करने पर जोर दिया है। पार्टी ने अशोक सिद्धार्थ पर निजी और पारिवारिक स्वार्थ को मिशन से ऊपर रखने का आरोप लगाया। नेतृत्व ने उनसे राजनीति से संन्यास लेने की अपील की।
यूपी: मायावती बोलीं- अशोक सिद्धार्थ को राजनीति से संन्यास ले लेना चाहिए, तभी आकाश की वापसी पर विचार हो सकता है हिंदीबात विशेष
तस्वीर: सऊदी क्राउन प्रिंस एमबीएस, तुर्किये राष्ट्रपति एर्दोगन और पाक पीएम शहबाज शरीफ (आधिकारिक संदर्भ)

विशेष संवाददाता, नई दिल्ली: होम उत्तर प्रदेश लखनऊ वाराणसी गोरखपुर मेरठ कानपुर More •••

🔍 विस्तृत घटनाक्रम एवं मुख्य बिंदु

उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पंजाब में विधानसभा चुनाव नजदीक आने के बीच बहुजन समाज पार्टी प्रमुख मायावती ने अपने संगठन और मिशन को लेकर बड़ा संदेश दिया है। पार्टी की ओर से जारी बयान में पूर्व राज्यसभा सांसद अशोक सिद्धार्थ पर निशाना साधते हुए कहा गया है कि उन्हें अभी भी अपनी राजनीतिक महत्वाकांक्षा छोड़कर राजनीति से पूरी तरह संन्यास लेने का मौका है। बसपा के मुताबिक, ऐसा होने पर उनके दामाद आकाश आनंद के लिए पार्टी में स्वतंत्र रूप से काम करना संभव होगा और उनकी जिम्मेदारियां वापस देने पर सहानुभूतिपूर्वक विचार किया जा सकता है।

1. जैसाकि सर्वविदित है कि उत्तर प्रदेश, उत्तराखण्ड व पंजाब में विधानसभा का आमचुनाव अब बहुत नज़दीक है और ये तीनों ही राज्य, परमपूज्य बाबा साहेब डा. भीमराव अम्बेडकर के ’बहुजन समाज’ को ’शोषित से शासक वर्ग’ बनने हेतु उनके आत्म-सम्मान एवं स्वाभिमान के कारवाँ को आगे बढ़ाने के लिये…

💬 आधिकारिक बयान एवं रिपोर्ट

मायावती ने कहा कि शीर्ष नेतृत्व संगठन में भूले-भटके लोगों को उनके आचार-व्यवहार को ध्यान में रखते हुए शामिल कर रहा है। वहीं, पार्टी की राह में बाधा बनने वालों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई भी की जा रही है। बयान में अशोक सिद्धार्थ को इसका चर्चित उदाहरण बताया गया है।

मायावती ने आकाश आनंद की भविष्य की भूमिका को भी अशोक सिद्धार्थ के फैसले से जोड़ते हुए संकेत दिया है। यदि अशोक सिद्धार्थ राजनीति से संन्यास लेकर निजी स्वार्थ और राजनीतिक महत्वाकांक्षा से ऊपर उठते हैं तो आकाश आनंद के लिए पार्टी में स्वतंत्र रूप से काम करना संभव होगा। ऐसी स्थिति में पार्टी आकाश आनंद को उनकी जिम्मेदारियां वापस देने पर सहानुभूतिपूर्वक विचार कर सकती है, ताकि वह संगठन में फिर सक्रिय भूमिका निभा सकें।

🔍 संपादकीय पड़ताल एवं स्रोत विवरण (Editorial Provenance & Verification)
✍️ रिपोर्टिंग: अमर उजाला ब्यूरो
🏛️ प्राथमिक स्रोत: अमर उजाला (Amar Ujala Breaking News)
🔬 सत्यापन डेस्क: हिंदीबात रिसर्च डेस्क (HindiBaat Research)
🛡️ पड़ताल स्थिति: ✅ तथ्य-परीक्षित एवं सत्यापित
मूल संदर्भ लिंक: मूल स्रोत देखें ↗
अ…

हिंदीबात संपादकीय डेस्क

विशेष संवाददाता

डिजिटल मीडिया आचार संहिता 2021 के अनुरूप निष्पक्ष, तथ्य-आधारित और स्वतंत्र रिपोर्टिंग। प्रत्येक खबर में 5W1H विश्लेषण और पाठक-केंद्रित स्पष्टता हमारा संकल्प है।

👉 आगे क्या पढ़ें | अगली बड़ी स्टोरी 2 घंटे पहले

फिलीपींस के रक्षा मंत्री बातचीत के बीच में पर्चा पकड़ाए जाने को लेकर चीन पर क्यों बरसे

दक्षिण कोरिया में सोल डिफ़ेंस डायलॉग के दौरान फिलीपींस के रक्षा मंत्री को एक पर्चा थमाया गया जिस पर उनका दावा था कि ये च…

यह विश्लेषण जारी रखें ➔