- जब स्वामीनारायण संप्रदाय ने अदालत में कहा था- 'हम हिन्दू नहीं हैं'
- बोचासनवासी अक्षर पुरुषोत्तम स्वामीनारायण संस्था (बीएपीएस) से जुड़े क़रीब 100 लोगों के एक प्रतिनिधिमंडल ने पेरिस में एफ़िल टावर का दौरा किया था. इस दौरान महिला कर्मचारियों को उनकी काम की जगह से हटा दिया गया था.।
नई दिल्ली: बोचासनवासी अक्षर पुरुषोत्तम स्वामीनारायण संस्था (बीएपीएस) से जुड़े क़रीब 100 लोगों के एक प्रतिनिधिमंडल ने पेरिस में एफ़िल टावर का दौरा किया था. इस दौरान महिला कर्मचारियों को उनकी काम की जगह से हटा दिया गया था.
🔍 क्या है पूरा मामला? जानिए मुख्य घटनाक्रम
बोचासनवासी अक्षर पुरुषोत्तम स्वामीनारायण संस्था (बीएपीएस) से जुड़े क़रीब 100 लोगों के एक प्रतिनिधिमंडल ने पेरिस में एफ़िल टावर का दौरा किया था. इस दौरान महिला कर्मचारियों को उनकी काम की जगह से हटा दिया गया था. इस घटनाक्रम पर संबंधित पक्षों, आधिकारिक संस्थाओं और जानकारों की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
💡 इसका क्या असर होगा और आगे क्या?
इस मामले पर आने वाले दिनों में नए तथ्य और आधिकारिक निर्णय सामने आ सकते हैं। हिंदीबात की संपादकीय टीम इस विषय से जुड़ी प्रत्येक प्रामाणिक जानकारी पर नजर बनाए हुए है।